मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे पौराणिक ग्रन्थों में चैत्र नवरात्रि को विशेष महत्व दिया गया है। इसे आत्मशुद्धि तथा सद् प्रवृत्ति का आधार माना गया है। चैत्र नवरात्रि में मां दुर्गा का पूजन करने से नकारात्मक ऊर्जा खत्म होती है तथा सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। चैत्र नवरात्रों की प्रदेश में धार्मिक महत्ता के दृष्टिगत सभी प्रमुख देवी मंदिरों एवं शक्तिपीठों में धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन की परम्परा रही है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि भारतीय सनातन परम्परा में किसी भी शुभ कार्य के प्रारम्भ में संकल्प लेने का विधान रहता है। शक्ति के अनुष्ठान का यह पर्व रचनात्मक एवं सृजनात्मक कार्यों के प्रति प्रेरणा प्रदान करने वाला हो इसका हमें संकल्प लेना होगा। यह पर्व हमें नवीन उत्साह के साथ देश व समाज की सेवा की भी प्रेरणा देता है। यह नव संवत्सर सभी के जीवन में सुख, समृद्धि प्रदान करने वाला हो इसकी भी मुख्यमंत्री ने कामना की है।

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