देहरादून
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हिमालय दिवस के अवसर पर प्रदेशवासियों को शुभकामना देते हुए कहा कि हिमालय हमारे लिए केवल एक पर्वत श्रृंखला नहीं, बल्कि हमारी पहचान, संस्कृति और अस्तित्व का आधार है। आदि काल से हिमालय हमारे ऋषियों, मुनियों, साधकों और विचारकों की तपोभूमि रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमालयी क्षेत्रों में सामाजिक विकास की आवश्यकता के दृष्टिगत हमें इकॉलोजी एवं इकोनॉमी में समन्वय के साथ कार्य करना होगा। भावी पीढ़ियों के लिये हिमालय की सुंदरता तथा जैव विविधता को संरक्षित रखना हम सबका दायित्व है। हिमालय हमारे जीवन से जुडा विषय होने के नाते इसके संरक्षण का दायित्व भी हम सबका है।
हिमालय संरक्षण के लिए जनभागीदारी को महत्वपूर्ण बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हरेला जैसे पर्व, प्रकृति से जुड़ने की हमारे पूर्वजों की दूरगामी सोच का परिणाम है।

More Stories
ऋषिकुल को आयुर्वेद, योग और भारतीय ज्ञान परंपरा के विशिष्ट केंद्र के रूप में विकसित किया जाए : मुख्यमंत्री
हर स्कूल का बनेगा आपदा प्रबंधन प्लान, यूएसडीएमए की शिक्षा विभाग के साथ बैठक में बनी रणनीति, चेतावनी-सूचना से लेकर खोज-बचाव तक की होगी व्यवस्था
प्रदेश में 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर, 2026 तक सेवा संकल्प अभियान का आयोजन किया जायेगा : मुख्यमंत्री